सोमवार, 8 मई 2017

rooting kya hai ? android phone ko root kaise kare ?

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मित्रो क्या आप जानते है की rooting kya hai ? android phone ko kiase root kiya jata  hai ? इससे  क्या-क्या फायदा है, और इससे करने से क्या नुक्सान है| किसी android mobile को root कैसे किया जाता है | आपके इन सभी सवालो के जवाब मेरे इस पोस्ट में मिल जायेगा | तो ध्यान से पढ़िए कही कोई स्टेप मिस न हो जाये | तो चलिए शुरू करते है|

what is rooting ? rooting kya hai ?

rooting को समझाने से पहले आप सभी को यह समझाना होगा ही user कितने प्रकार के होते है ? सामान्यत: यूजर दो प्रकार के होते है | पहले वो जो सिर्फ अपनी जरुरत के सारे कार्य कर सके उन्हें सिंपल यूजर कहते है और दुसरे वो जो अपनी जरुरत के कार्य के साथ - साथ system में modification भी कर सकते है , तो इन्हें super user या administrator कहते है |  आप सभी जानते है की root का मतलब होता है जड़, अर्थात एंड्राइड के main कोड या जड़ तक पहुचने को ही rooting कहा  जाता है| जब कोई normal user किसी operating system का super user का अधिकार प्राप्त कर ले तो इस किया को rooting कहते है |
android mobile में बहुत सी ऐसी चीजे है जिन्हें हम बिना rooting के कर ही नहीं सकते है | जैसे यदि हमें मोबाइल फ़ोन कंपनी के द्वारा आये हुए किसी software को अपने मोबाइल से remove  करना है, तो इसे बिना रूट किये हम नहीं हटा सकते है | 

rooting के फायदे 


  1. root करने के बाद आप अपने एंड्राइड मोबाइल से system file को access कर सकते है | उसमे change कर सकते है| या उन्हें remove कर सकते है |
  2. अन्वाश्यक software को अपने mobile से uninstall करके आप अपने mobile का internal storage को बढ़ा सकते है | 
  3. यदि आपके फ़ोन में लेटेस्ट operating install नहीं हो रहा है तो इससे आप अपने मोबाइल में custom rom को install कर सकते है| जिस भी android का यूज़ हम अपने mobile में करते है उन्हें मोबाइल customize करके बनाई रहती है | और custom rom के द्वारा आप ओरिजिनल android को अपने मोबाइल में इनस्टॉल कर सकते है |
  4. एंड्राइड फ़ोन को अपनी इच्छा अनुसार customize कर सकते है
  5. root किये गए फ़ोन को overclocking के द्वारा उसके processor की स्पीड को बढ़ा सकते है | 

rooting से नुकसान 


  1. rooting करने पर मोबाइल फ़ोन की warranty समाप्त हो जाती है | अर्थात जो मोबाइल फ़ोन rooted होता है| मोबाइल कंपनी के पालिसी के अनुसार वे उसका warranty समाप्त कर देती है |
  2. इस प्रक्रिया के दौरान कभी- कभी  फ़ोन खराब हो जाता है | और हमेश के लिए डेड भी हो सकता है | 
  3. कभी- कभी इस प्रकिया को करते समय फ़ोन की डाटा इरेस हो जाती है | जो दुबारा रिकवर नहीं की जा सकती है |
  4. मोबाइल को root करने के बाद कंपनी के द्वारा आपको कोई भी andoid का अपडेट नहीं मिलेगा |

एंड्राइड को root कैसे करते है ?

पहले के समय में फ़ोन को root करना काफी जटिल प्रक्रिया होती थी | लेकिन अब आप प्ले स्टोर से ऐसे rooting का software अपने फ़ोन में डाउनलोड  कर ले | और उसके द्वारा one click में अपने फ़ोन को आसानी से root कर सकते है |

विशेष नोट - 

rooting करने के पहले आप यह कंफ़र्म कर ले की आप क्या करने जा रहे है | इसको कर के आपको क्या फायदा होगा? क्या वास्तव में आपको इसकी जरुरत है ? या बस ऐसे हे दोस्तों को दिखने के लिए कर रहे है | मेरा यह सुझाव है की यदि आपको rooting की बहुत विशेष जरुरत हो तभी आप अपने फ़ोन को root करे | सिर्फ दिखावे के लिए rooting न करे|  root करने के बाद फ़ोन की warranty समाप्त हो जाती है| और बहुत से केसेस में ऐसा देखा गया है की root करते  वक्त ही  फ़ोन डेड हो गया है| इसीलिए बिना जरुरत और पूरी तरह जाने कभी भी अपने फ़ोन को root न करे |

Conclusion

मित्रो मुझे आशा है की आपको समझ में आ गया होगा की rooting kya hai ? इसके फायदे क्या है ? और इसके नुक्सान क्या है ? क्या जरुरी है फ़ोन को root करना ? इन सभी प्रश्नों के जवाब आपको मिल गया होगा| यदि आपको अपना android फ़ोन root करना ही है तो निचे विडियो में काफी डिटेल से यह बताया गया है की android को कैसे root करे ? 
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धन्यवाद| 
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1 टिप्पणी:

  1. एंड्राइड फ़ोन root करने सम्बंधित जानकारी के धन्यवाद. फ़िलहाल इस समय प्ले स्टोर पर कोई root application उपलब्ध नहीं है जिंतनी भी है उनमे से अधिकतर fake app है. Android phone को root करने की सबसे अच्छी application Kingroot app है.

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